कृष्ण कहने से तर जाएगा (नया)

कृष्ण कहने से तर जाएगा,
पार भव से उतर जायेगा,
कृष्ण कहने से तर जाएगा,
पार भव से उतर जायेगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

बड़ी मुश्किल से नर तन मिला,
बेसहारों का कर तू भला,
काम ऐसा जो कर जाएगा,
पार भव से उतर जाएगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

जाने कितने दिनों की जिन्दगानी,
लोग कहते रहेंगे कहानी,
हँसा पिंजरे से उड़ जाएगा,
पार भव से उतर जाएगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

जिसने जैसी करी होगी करनी,
उसको वैसी पड़ेगी रे भरनी,
इक ना दिन तू पछतायेगा,
पार भव से उतर जाएगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

करना तन मन से हरी का भजन,
बस लगा ले प्रभु से लगन,
कृष्ण भक्ति में रंग जायेगा,
पार भव से उतर जाएगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

कृष्ण कहने से तर जायेगा,
पार भव से उतर जाएगा,
कृष्ण कहने से तर जाएगा,
पार भव से उतर जायेगा,
हरे कृष्ण, हरे कृष्ण,
कृष्ण कृष्ण हरे हरे,
हरे राम हरे राम,
राम राम हरे हरे।।

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