थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

राम नाम की करो कमाई,
सुखरत करलो,
आज सारे पुण्य आज भरलो।।

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

घरवाले सब सागे बैठ के कीर्तन करलो,
श्री हरी से करो विनती दुखड़ा हर लो।।

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

अपने अपने इष्ट देव का ध्यान धरलो,
अपने अपने इष्ट देव का ध्यान धरलो,
होव रोग दोष का नाश ध्यान धरलो।।

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

श्री राम सुन्दर न हे सु वर्णो,
जीवन रो एक कटु सत्य है आखिर मरणो,
जीवन रो एक कटु सत्य है आखिर मरणो।।

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

“लखन चौधरी” लिखे ध्यान धार सुमिरन करलो,
गावे “सुनीता स्वामी” भजन प्रेम से सुनलो।।

ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
ध्यान धरलो प्रभु का ध्यान धरलो,
थोड़ा दिना तक घर पर ही आराम करलो,
प्रभु का ध्यान धरलो।।

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