बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति

बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति
तेरे चरणों में सिर को नमन कर दिया
बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति।।

तुम्हे मोदक चडाऊ सिंदूर अर्पण करू
तेरे चरणों में जीवन समर्पण करू
बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति।।

सब दाता में पेहले तेरा पूजन करो
तेरी भगती में देवा मैं खुद को रंगु
बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति।।

गोरा ले लाल शिव जी के प्यारे हो तुम,
नंदी बंदी शिव घन के दुलारे हो तुम
बल बुद्धि के दाता मेरे गणपति।।

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