मैं नाचू लेके तेरा नाम जरा सी और पिला दे श्याम

तूने अखियो से पिलाई मस्ती हम को यु चडाई,
मैं नाचू लेके तेरा नाम जरा सी और पिला दे श्याम।।

मैंने सुध बुध खो दी जब से चढ़ गई तेरे नाम की मस्ती
मैंने लोग कहे मुझे पागल दीवानी वो क्या जाने तेरी हस्ती
मैं ध्याऊ तुज्को आठो याम जरा सी और पिला दे श्याम।।

मेरी नस नस में तू समाये तेरा नशा सिर चढ़ के बोले
तूने मुझको एसी पिलाई श्याम मेरा तन मन ये डोले,
नशा ये उतरे न घनश्याम जरा सी और पिला दे श्याम।।

मैं तो डूभी ओ सांवरियां तेरे प्रेम के रंग रस में
छोड़ के दुनिया दारी सारी हो गई कान्हा तेरे वश में
है काली शर्मा का अरमान जरा सी और पिला दे श्याम।।

Tune Akhiyo Se Pilai Masti Ham Ko Yu Chadai
Main Nachu Leke Tera Naam Jara Si Aur Pila De Shyam

Mainne Sudh Budh Kho Di Jab Se Chadh Gai Tere Nam Ki Masti
Mainne Log Kahe Mujhe Pagal Deevani Vo Kya Jane Teri Hasti
Main Dhyau Tujko Atho Yam
Jara Si Aur Pila De Shyam

Meri Nas Nas Mein Tu Samaye Tera Nasha Sir Chadh Ke Bole
Tune Mujhako Esi Pilai Shyam Mera Tan Man Ye Dole
Nasha Ye Utare Na Ghanashyam
Jara Si Aur Pila De Shyam

Main To Dubhi O Sanvariyan Tere Prem Ke Rang Ras Mein
Chhod Ke Duniya Dari Saari Ho Gai Kanha Tere Vash Mein
Hai Kali Sharma Ka Araman
Jara Si Aur Pila De Shyam

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