मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

मैया रानी आज झूल रही झूलना रे
झूल रही झूलना रे झूल रही झूलना रे
मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

गाड़िया मोहल्ला की महारानी
जिनको कहते नगर सेठानी
मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

ज्वालामुखी की ज्वाला देवी
भक्तो के सब कष्ट हर लेती
अरे मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

नगर सेहोरा पर्वत वासिनी
जिनकी महिमा बढ़िया निराली
अरे मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

माई नर्मदा की ये कहानी
कल कल बहता अमृत पानी
अरे मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

उन्हें पर्वत भवन निराला
सेवा करता भैरव कला
अरे मैया रानी आज झूल रही झूलना रे

Leave a Reply