सूर्य मंत्र

जपाकुसुम संकाशं काश्यपेयं महद्युतिं |
तमोरिसर्व सर्वपापघ्नं प्रणतोस्मि दिवाकरं | |

108 जाप

सूर्य मंत्र अर्थ (meaning)–

जो जपा पुष्प के समान अरुणिमा वाले महान तेज से संपन्न
अंधकार के विनाशक सभी पापों को दूर करने वाले तथा
महर्षि कश्यप के पुत्र हैं उन सूर्य को मैं प्रणाम करता हूं

मंत्र संग्रह सूर्य मंत्र – अविनाश कर्ण

Leave a Reply