aaya maiya ka no din ka tyohaar

आया मईया का नौ दिन का त्यौहार,
घर घर माँ की ज्योत जगी है लगे हुए दरबार,
आया मईया का नौ दिन का त्यौहार,

लाखो नर नारी दर आते माँ चरणों में भेंट चढ़ा ते,
तेरी भेंट चढ़ा के मैया मुँह माँगा फल तुम्हसे पाते,
जग मग जग मग ज्योत जगे माँ चरण गंगा की धार,
आया मईया का नौ दिन का त्यौहार

शीश मुकट कानो में कुण्डल गल फूलो के हार विराजे,
मोहनी मूरत सूंदर सूरत माँ की बिंदियां माँ के साजे,
जग मग ज्योत लगे माँ हो रही जय जय कार,
आया मईया का नौ दिन का त्यौहार

दर दर ठोकर खा के मैया तेरी शरण सोनू आया है,
ये दुख्यारा दुःख का मारा दुःख के दो आंसू लाया है,
जरा ध्यान देदो महारानी मेरी और निहार,
आया मईया का नौ दिन का त्यौहार

Leave a Reply