Deepawali Puja Mantras-दीपावली पूजा मंत्र

गोवत्स द्वादशी मन्त्र Govatsa Dwadashi Mantra
अर्घ्य मंत्र

Kshirodarnavasambhute Surasuranamaskrite।
Sarvadevamaye Matargrihanarghyam Namo Namah॥

क्षीरोदर्णवसम्भुते सुरसुरनामस्करित।
सर्वदेवमय मातरगृहार्घ्यं नमो नमः

मन्त्र अर्थ – समुद्र मन्थन के समय क्षीर सागर से उत्पन्न सुर तथा असुरों द्वारा नमस्कार की गई देवस्वरुपिणी माता, आपको बार-बार नमस्कार है। मेरे द्वारा दिए गए इस अर्घ्य को आप स्वीकार करें।

निवेदन मंत्र Nivedan Mantra

Surabhi Tvam Jaganmatardevi Vishnupade Sthita।
Sarvadevamaye Grasam Maya Dattamidam Grasa॥

सुरभि त्वम जगनमातरदेवी विष्णुपदे स्थिति।
सर्वदेवमये ग्रासम माया दत्तामिदं ग्रास

मन्त्र अर्थ – हे जगदम्बे! हे स्वर्गवासिनी देवी! हे सर्वदेवमयी! आप मेरे द्वारा दिए इस अन्न को ग्रहण करें।

प्रार्थना मंत्र Prarthana Mantra

Sarvadevamaye Devi Sarvadevairalankrite।
Matarmamabhilashitam Saphalam Kuru Nandini॥

सर्वदेवमय देवी सर्वदेवरालंकृते।
मातरमाभिलाशितम सफलं कुरु नंदिनी॥

मन्त्र अर्थ – हे समस्त देवताओं द्वारा अलङ्कृत माता! नन्दिनी! मेरा मनोरथ पुर्ण करो।

यमदीप मन्त्र Yamadeep Mantra

Mrityuna Pashadandabhyam Kalen Shyamaya Saha।
Trayodashyam Dipadanatsuryajah Priyatam Mama॥

मृत्युुन पषदंडभ्यं कालेन श्यामया साहा।
त्रयोदश्याम दीपदानत्सुर्याजः प्रियतम मम

मन्त्र अर्थ – त्रयोदशी पर यह दीप मैं सूर्यपुत्र को अर्थात् यमदेवता को अर्पित करता हूँ। मृत्यु के पाश से वे मुझे मुक्त करें और मेरा कल्याण करें।

मंत्र अनुवाद – त्रयोदशी के दिन मैं यह दीपक सूर्य पुत्र अर्थात् यमदेव को अर्पित करता हूँ। वह मुझे मृत्यु के फंदे से मुक्त करें और मेरे कल्याण की देखभाल करें।

Mantra Translation – On Trayodashi I offer this lamp to the son of Sun, that is, Yamadeva. May He free me from the noose of death and look after my welfare.

अभ्यंग स्नान मंत्र Abhyang Snan Mantra

Sitaloshtasamayukta Sakantakadalanvita।
Hara Papamapamarga Bhramyamanah Punah Punah॥

सीतालोष्टसमायुक्त शकांतकदलनविता।
हारा पापमपमर्ग भ्राम्यमनाः पुनः पुनाः

मन्त्र अर्थ – जोती हुई भूमि की मिट्टी, काँटे तथा पत्तों से युक्त, हे अपामार्ग, आप मेरे पाप दूर कीजिए।

मंत्र अनुवाद – हे काँटेदार भूसे-फूल का पौधा, जो जोत भूमि, काँटों और पत्तों की मिट्टी से युक्त है; मेरे पापों को मिटा दो।

Mantra Translation – O prickly chaff-flower plant, consisting of mud of tilled land, thorns and leaves; obliterate my sins.

नरक चतुर्दशी दीपदान मन्त्र Narak Chaturdashi Deepdan Mantra

Datto Dipashchaturdashyam Narakapritaye Maya।
Chaturvartisamayuktah Sarvapapapanuttaye॥

दत्तो दीपाशचतुर्दश्यं नरकाप्रीतये माया।
चतुर्वर्तिसायुक्तः सर्वपपपनुत्तये॥

मन्त्र अर्थ – आज चतुर्दशी के दिन नरक के अभिमानी देवता की प्रसन्नता के लिए तथा समस्त पापों के विनाश के लिए मैं चार बत्तियों वाला चौमुखा दीप अर्पित करता हूँ।

Mantra Translation – On this Chaturdashi day, for the appeasement of the Deity of Hell and for obliteration of all sins I offer this four faced, four wicks lamp.

लक्ष्मी मन्त्र Lakshmi Mantra

Om Hreem Shreem Lakshmyai Namah॥

Om ह्रीं श्रीं लक्ष्मयै नमः

मन्त्र अर्थ – हे धन और सम्पत्ति की देवी लक्ष्मी, आपको मेरा नमस्कार है।

Mantra Translation – I salute Goddess Lakshmi, the Goddess of wealth and Prosperity.

बलि नमस्कार मन्त्र Bali Namaskar Mantra

Baliraja Namastubhyam Daityadanavavandita।
Indrashatroamararate Vishnusannidhyado Bhava॥
Balimuddishya Diyante Danani Kurunandana।
Yani Tanyakshayanyahurmayaivam Sampradarshitam॥

बलिराज नमस्तुभ्यं दैत्यदानववंदिता।
इन्द्रशत्रोअमरारे विष्णुसन्निध्यदो भवः
बलिमुद्दिष्य दियंते दनानी कुरुनंदना।
यानि तान्याक्षयन्याहुर्मयैवं संप्रदायम्॥

मन्त्र अर्थ – दैत्य तथा दानवों से पूजित हे बलिराज, आपको नमस्कार है। हे इन्द्रशत्रो, हे अमराराते, विष्णु के सानिध्य को देने वाला हो।
हे कुरुनन्दन, बलि को उद्देश्य कर जो दान दिये जाते हैं वे अक्षय को प्राप्त होते हैं। मैंने इस प्रकार प्रदर्शित किया है।

गोवर्धन मन्त्र Govardhan Mantra

Govardhana Dharadhara Gokulatranakaraka।
Bahubahukritachchaya Gavam Kotiprado Bhava॥

गोवर्धन धारधारा गोकुलत्रणकारक।
बाहुभुकृताच्छया गावं कोटिप्रडो भवः

मन्त्र अर्थ – पृथ्वी को धारण करनेवाले गोवर्धन! आप गोकुल के रक्षक हैं। भगवान श्रीकृष्ण ने आपको भुजाओं में उठाया था। आप मुझे करोडों गौएं प्रदान करें।

Mantra Translation – O, Govardhana, Who supports Earth! You are the protector of Gokul. Bhagawan Shri Krishna had lifted You on His arms. Bestow crores of cows on me.

गौ मन्त्र Gau Mantra

Lakshmirya Lokapalanam Dhenurupena Samsthita।
Ghritam Vahati Yagyarthe Mama Papam Vyapohatu॥

लक्ष्मीर्य लोकपालनम धेनुरुपेना संस्था।
घृतं वहति यज्ञार्थे मामा पापम व्यपोहातु॥

मन्त्र अर्थ – धेनुरूप में विद्यमान जो लोकपालों की साक्षात लक्ष्मी हैं तथा जो यज्ञ के लिए घी देती हैं, वह गौ माता मेरे पापों का नाश करें।

Mantra Translation – O cow, who is Lakshmi Herself in the form of a cow and who bestows ghee for yadnyas, obliterate my sins.

यम द्वितीया मंत्र Yama Dwitiya Mantra

Ehyehi Martandaja Pashahasta Yamantakalokadharamaresha।
Bhratridwitiyakritadevapujam Grihana Charghyam Bhagawannamostu Te॥

एह्येही मार्तंडजा पशहस्त यमंतकलोकधरमरेश।
भ्रात्रिद्वितीयकृतदेवपूजम गृहण चार्घ्यं भगवान्नामोस्तु ते

मन्त्र अर्थ – हे मार्तण्डज – सूर्य से उत्पन्न हुए, हे पाशहस्त – हाथ में पाश धारण करने वाले, हे यम, हे अन्तक, हे लोकधर, हे अमरेश, भातृद्वितीया में की हुई देवपूजा और अर्घ्य को ग्रहण करो। हे भगवन् आपको नमस्कार है।

मार्गपाली मंत्र Margapali Mantra

Margapali Namastestu Sarvalokasukhaprade।
Vidheyaih Putradaradyaih Punarehi Vratasya Me॥

मार्गपाली नमस्ते सर्वलोकसुखप्रदे।
विदेहैः पुत्रदरायैः पुनारेही व्रतस्य मे॥

मन्त्र अर्थ – हे सर्व प्राणिमात्र को सुख देनेवाली मार्गपाली, आपको मेरा नमस्कार है। पुत्र, पत्नी इत्यादि द्वारा आपको पिरोया है। मेरे कात के लिए पुन: एक बार आपका आगमन हो।

Mantra Translation – O festoon on the road, bestowing happiness to all living beings, I pay obeisance to you. Do come again for my vowed religious observance (Vrat).

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