duniya ne jab rulaya tune gaale lagaya nujhe khaak se utha kar godi me laa bithayaa

दुनिया ने जब रुलाया तूने गले लगाया,
मुझे ख़ाक से उठा कर गोदी में ला बिठाया,
दुनिया ने जब रुलाया तूने गले लगाया,

मैंने जिनको प्यार बांटा उनसे मिली रुखाई,
नफरत मिली यहाँ से तुझसे दुलार पाया,
दुनिया ने जब रुलाया तूने गले लगाया,

कभी मुझ पे जान छिड़कते मुखड़ा उन्हों ने मोड़ा,
उनकी गली में सीना मुझे तान कर चलाया,
दुनिया ने जब रुलाया तूने गले लगाया,

ऐसे करू अदा मैं तेरा शुकरियाँ बता दे,
ये जुबा जो न कह ना पाई अस्को ने कह सुनाया,
दुनिया ने जब रुलाया तूने गले लगाया,

तेरे हर्ष ने कन्हियाँ खेली है ऐसी बाजी,
मैं हार के ज़माना मेरा श्याम जीत लाया,

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