kesa sja darbar hai khatu vale ka intzaar hai

केसा सजा दरबार है खाटू वाले का इंतज़ार है,

लेकर के मोर छड़ी वो आयेगा,
खाली झोलियाँ भर जाएगा,
सेठो का सेठ साहूकार है,
खाटू वाले का इंतज़ार है,

प्रेमी तो आस लगाए बैठे है,
दिल में बाबा को बसाये बैठे है,
कश्ती का वही खेवन हार है,
खाटू वाला का इंतज़ार है,

हस हस के चाहे उसको याद करो,
आंखे भर के चाहे फर्याद करो,
ना कोई न पर्दा न दीवार है
खाटू वाला का इंतज़ार है

भक्तो का इम्तिहान नहीं लेगा,
कमियों पर बाबा ध्यान नहीं देगा,
सूंदर लाल को इतवार है
खाटू वाला का इंतज़ार है,

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