meera kehndi maaye ni jaana satguru de kol

मीरा कहंदी माये नि जाना सतगुरु दे कोल,
टूटे दिल नु थमियाँ दिंदे नि संता दे बोल,

डिपरा तो डरदी रह गई गला मैं करदी रह गई,
वेहमा ते भरमा वाले वेदा नु पड़दी रह गई,
पड़ के हो गई डवाडोल हो गई डवाडोल,
मीरा कहंदी माये नि …….

सिर करके अपना नीवा भूका नाल अमृत पीना,
सतगुरु दा नाम जपा के मूक जाऊ मरना जीना,
एह वार वार नही मिलना हीरा जन्म अनमोल,
मीरा कहंदी माये नि …….

बनके पुजारी जाना देखन मुरारी जाना,
गुरु रविदास दी जय जय मिल के पुकारी जाना,
रहबर नु लाइये टोहल आजा लाइये तोड़,
मीरा कहंदी माये नि …….

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