namh sivay bhajta ja

नम: शिवाये नम: शिवाये रटता जा,
ॐ शिव ॐ शिव ॐ शिव ॐ शिव ,
ॐ शिव ॐ शिव रटता जा ,
नम: शिवाये नम: शिवाये रटता जा रटता जा ,

शिव शंकर कैलाशपति है, अंग वभूति रमाते है,
जटाजूट में गंग बिराजै, गंगाधर को रटता जा ,नम: शिवाय…..

भांग धतुरा भोग लगत है, गले सर्पो की माला है,
नंदी की असवारी सोहे, नन्दीश्वर को रटता जा, नम: शिवाय …..

भष्मासुर को भष्म कराया, लीला अपरम्पार तेरी,
मोहिनी रूप धारयो विष्णु ने, लीलाधर को रटता जा, नम: शिवाय …..

गगन मंडल थारी महिमा गावै, गावै नर और नारी रे,
ऐसे दीनदयाल मेरे दाता, भूतनाथ को रटता जा , नम: शिवाय….
ॐ शिव ॐ शिव ॐ शिव ॐ शिव , ॐ शिव ॐ शिव रटता जा ,

जय शंकर की….
जय श्री नाथजी की…..
बोल नाथ जी महाराज की जय हो

Leave a Reply