radha rani ki ek najar hp jaye jo mujhpe agar

श्याम प्यारी की एक नजर हो जाये जो मुझपे अगर,
मेरी बिगड़ी हुई ज़िंदगी एक पल में ही जाये सबर,

मैं भटकता रहा हु प्रिये आप ने ही लगाया हिये,
बिन तुम्हारे मेरी श्यामा जो अब जिए भी कैसे जिए,
ठोकरे खा रहा दर बदर जरा मेरी भी लेलो खबर,
श्याम प्यारी की एक नजर…..

बरसाने की रज का मुझे एक कण ही बना दीजिये,
अपनी दासी बना लो मुझे इतना तो कर्म कीजिये,
अपनी करुणा का बदल अगर बरसा दो गई जो तू इधर,
श्याम प्यारी की एक नजर…

भूल कर भी मेरी लाडली शान और शौकत देना नहीं,
प्यार तेरा मिला कीमती उसके जैसा कुछ नहीं,
प्यार तेरा रहे बस रहे अमर इस जहा में जाऊ जिधर,
श्याम प्यारी की एक नजर

मेरे अपनों ने ही अब मुझे अपने से बेगाना किया,
इस दास को हे श्यामा जो आप ने ही सहारा दिया,
जब अंतिम हो मेरा सफर तेरी गोद में हो मेरा सफर,
श्याम प्यारी की एक नजर……

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