saj dhaj betha shyam hamara pyaara hai shingaar sanwara

सज धज बैठा श्याम हमारा प्यारा है शृंगार संवारा,
आज तो गज़ब ढा रहा,

होठो पे कैसी मुस्कान है,येही तो इसी पहचान है,
आंखे इसकी अमृत की है प्यालाइयाँ,
होठो पे कैसी मुस्कान है
मुख मंडल पर गौर से देखो कैसा है निखार संवारा,
आज तो गज़ब ढा रहा,

केसरियां बागा है पहने ऊपर से भार भारी गहने,
मोर मुकट में हीरा है चमक रहा,
केसरियां बागा है पहने गल विच शोभा करे चौगनी,
रंग बिरंगे हार संवारा ,
आज तो गज़ब ढा रहा,

क्यों इतना सजते हो प्यारे तेरे आगे फीके हर नजारे,
तुम तो ऐसे ही सूंदर हो सँवारे क्यों इतना सजते हो प्यारे,
लूँ राय वारो जी वारो लेवो नजर उतार संवारा,
आज तो गज़ब ढा रहा,

ये तो हमारे दिल को भा रहा,जलवे अनोखे ये दिखा रहा,
बिनु कहता इसके जैसा और कहा ये तो हमारे दिल को बा रहा,
पूनम का चंदा शरमाया जब से किया दीदार संवारा,
आज तो गज़ब ढा रहा,

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