shankar teri jta se behti hai ganga dhaara

शंकर तेरी जटा से बहती है गंग धारा
काली घटा में चमके जैसे कोई सितारा,
शंकर तेरी जटा से

शेश नाग मस्तक पर सोहे गल मुंडन की माला मोहे,
नंदी गण गोरा संग साजे गणपति लाल दुलारा,
शंकर तेरी जटा से …

योगनियों संग शोर मचावे,
तांडव नाच करे सब गावे,
हर हर महादेव पुकारे जय शिव ॐ कारा,
शंकर तेरी जटा से …

आक धतूरा खाने वाले विश का प्याला पीने वाले,
विशवनाथ और अमर नाथ में मुक्ति का तेरा द्वारा,
शंकर तेरी जटा से

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