कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 14 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 14

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 14 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 14

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 14 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 14   कार्तिक मास का आज, लिखूं चौदहवाँ अध्याय । श्री हरि कृपा करें, श्रद्धा प्रेम बढाएँ ॥ तब उसको इस प्रकार धर्मपूर्वक राज्य करते हुए देख देवता क्षुब्ध हो गये। उन्होंणे देवाधिदेव शंकर का मन में स्मरण करना आरंभ किया तब भक्तों की … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 30 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 30

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 30 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 30

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 30 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 30   कार्तिक मास की कथा, करती भव से पार । तीसवाँ अध्याय लिखूँ, हुई हरि कृपा अपार ॥ भगवान श्रीकृष्ण सत्यभामा से बोले- हे प्रिये! नारदजी के यह वचन सुनकर महाराजा पृथु बहुत आश्चर्यचकित हुए। अन्त में उन्होंने नारदजी का पूजन करके उनको … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 29 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 29

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 29 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 29

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 29 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 29   प्रभु कृपा से लिख रहा, सुन्दर शब्द सजाय । कार्तिक मास माहात्म का, उन्तीसवाँ अध्याय ॥ राजा पृथु ने कहा – हे मुनिश्रेष्ठ! आपने कलहा द्वारा मुक्ति पाये जाने का वृत्तान्त मुझसे कहा जिसे मैंने ध्यानपूर्वक सुना। हे नारदजी! यह काम उन … Read more

तुलसी विवाह पौराणिक कथा (Tulsi Vivah Pauranik Katha

तुलसी विवाह पौराणिक कथा (Tulsi Vivah Pauranik Katha

तुलसी विवाह पौराणिक कथा (Tulsi Vivah Pauranik Katha   एक बार शिव ने अपने तेज को समुद्र में फैंक दिया था। उससे एक महातेजस्वी बालक ने जन्म लिया। यह बालक आगे चलकर जालंधर के नाम से पराक्रमी दैत्य राजा बना। इसकी राजधानी का नाम जालंधर नगरी था। दैत्यराज कालनेमी की कन्या वृंदा का विवाह जालंधर से हुआ। जालंधर महाराक्षस था। … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 27 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 27

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 27 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 27

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 27 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 27   कृष्ण नाम का आसरा, कृष्ण नाम का ध्यान । सत्ताईसवाँ अध्याय अब, लिखने लगा महान ॥ पार्षदों ने कहा- एक दिन की बात है, विष्णुदास ने नित्यकर्म करने के पश्चात भोजन तैयार किया किन्तु कोई छिपकर उसे चुरा ले गया। विष्णुदास ने देखा भोजन … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 28 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 28)

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 28 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 28)

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 28 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 28)   पढ़े सुने जो प्रेम से, वह हो जाये शुद्ध स्वरुप । यह अठ्ठाईसवाँ अध्याय, कार्तिक कथा अनूप ॥ धर्मदत्त ने पूछा- मैंने सुना है कि जय और विजय भी भगवान विष्णु के द्वारपाल हैं। उन्होंने पूर्वजन्म में ऐसा कौन सा पुण्य किया था जिससे … Read more

देवोत्थान / प्रबोधिनी एकादशी व्रत कथा (Devutthana Ekadashi Vrat Katha

देवोत्थान / प्रबोधिनी एकादशी व्रत कथा (Devutthana Ekadashi Vrat Katha

देवोत्थान / प्रबोधिनी एकादशी व्रत कथा (Devutthana Ekadashi Vrat Katha   देवोत्थान एकादशी का महत्त्व: धर्मराज युधिष्ठिर कहने लगे कि हे भगवान! मैंने कार्तिक कृष्ण एकादशी अर्थात रमा एकादशी का सविस्तार वर्णन सुना। अब आप कृपा करके मुझे कार्तिक माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी के विषय में भी बतलाइये। इस एकादशी का क्या नाम है तथा इसके व्रत … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 18 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 18

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 18 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 18

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 18 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 18   लिखता हूँ मॉ पुराण की, सीधी सच्ची बात । अठारहवां अध्याय कार्तिक, मुक्ति का वरदात ॥ अब रौद्र रूप महाप्रभु शंकर नन्दी पर चढ़कर युद्धभूमि में आये। उनको आया देख कर उनके पराजित गण फिर लौट आये और सिंहनाद करते हुए आयुद्धों … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 21 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 21

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 21 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 21

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 21 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 21 लिखने लगा हूँ श्रीहरि के, चरणों में शीश नवाय । कार्तिक माहात्म का बने, यह इक्कीसवाँ अध्याय ॥ अब ब्रह्मा आदि देवता नतमस्तक होकर भगवान शिव की स्तुति करने लगे। वे बोले – हे देवाधिदेव! आप प्रकृति से परे पारब्रह्म और परमेश्वर हैं, … Read more

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 20 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 20

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 20 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 20

कार्तिक मास माहात्म्य कथा: अध्याय 20 (Kartik Mas Mahatmya Katha: Adhyaya 20   माँ शारदा की प्रेरणा, स्वयं सहाय । कार्तिक माहात्म का लिखूं, यह बीसवाँ अध्याय ॥ अब राजा पृथु ने पूछा – हे देवर्षि नारद! इसके बाद युद्ध में क्या हुआ तथा वह दैत्य जलन्धर किस प्रकार मारा गया, कृपया मुझे वह कथा … Read more